मध्यप्रदेश पुलिस फिजिकल चार्ट 2026|MP Police Physical Chart 2026|MP Police Bharti 2026
MP Police Physical Process-इस मध्यप्रदेश पुलिस भर्ती प्रक्रिया में नवीन परिवर्तन के साथ दूसरे चरण की परीक्षा होगी,2024 से पहले की भर्तियों में ऑनलाइन एग्जाम में प्राप्त अंकों के आधार पर अभ्यर्काथियों का चयन किया जाता था और शारीरिक परीक्षण में केवल सफल होना ही जरूरी था लेकिन इस वर्ष प्रक्रिया में बदलाव दिया गया है,अब ऑनलाइन एग्जाम के साथ-साथ शारीरिक योग्यता यानी फिजिकल के अंकों को जोड़कर एमपी पुलिस भर्ती की फाइनल चयन सूची तैयार होगा,MP पुलिस में 100 नंबरों की लिखित परीक्षा एवं 100 अंकों का फिजिकल रहेगा,यानी इस बार से कोई अभ्यार्थी लिखित परीक्षा में कम अंक प्राप्त करता है और यदि वह फिजिकल में अच्छे नंबर प्राप्त करता है तो उसका चयन हो सकेगा,उदाहरण-जैसे किसी के ऑनलाइन लिखित परीक्षा में 100 अंकों में से 70 नम्बर एवं फिजिकल में 100 में से 60 अंक प्राप्त होते हैं तो उसके कुल नम्बर 130 हो जाएंगे अब इसके आधार पर ही मेरिट लिस्ट में स्थान प्राप्त होगा|आगे फिजिकल के नंबरों का विवरण दिया गया है देखें|
मध्यप्रदेश पुलिस कांस्टेबल जीडी पुरुष उम्मीदवारों के लिये फिजिकल दक्षता परीक्षण में प्रदान किये जाने वाले अंकों की का विवरण
- मध्यप्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती में पुरुषों के लिए गोला-फेंक के गोले का वजन 7.26 कि.ग्रा. रहेगा|
- इस भर्ती में महिलाओं के लिए गोला फेंक के गोले का वजन 4.00 कि.ग्रा. रहेगा| newsjobmp
- MP Police Running-फिजिकल में चयनित अभ्यर्थियों के लिए 800 मीटर दौड़ हेतु एक अवसर तथा लम्बी कूद एवं गोला फेंक हेतु 3 अवसर प्रत्येक प्रदान किये जायेंगे|
- आरक्षक (जीडी) संवर्ग के समस्त अभ्यर्थियों के लिये, शारीरिक दक्षता परीक्षण में 100 में से 30 अंक लाने होंगे जिसके अंक अंतिम प्रवीणता सूची के लिए, प्रथम चरण के अंकों के साथ जोड़े जाएँगे|
- यदि सीने का माप न्यूनतम निर्धारित माप से अधिक है तो उसे कम से कम 5 सेमी फुलाना अनिवार्य होगा ।
- सीने का फुलाव (केवल पुरुषों के लिए)
- दृष्टिः अभ्यर्थियों को कोई नेत्र रोग / विकार नहीं होना चाहिए और बिना चश्में के दृष्टि की तीव्रता 6/9 से कम नहीं होनी चाहिए और दूसरी आँख की दृष्टि तीव्रता बिना चश्में के 6/12 से कम नहीं होना चाहिए. अभ्यर्थियों को मुख्य रंगों में अंतर करने से सक्षम होना चाहिए जिसका इशिहारा प्लेटों के माध्यम से परीक्षण किया गया हो ।
- नॉक-नी तथा फ्लेट फुट नहीं होना चाहिए ।
- अभ्यर्थी का शरीर किसी भी प्रकार से अपंग नहीं होना चाहिए।




